Chhattisgarh Electricity Bill Hike: छत्तीसगढ़ में बिजली बिल बढ़ोतरी पर सियासत तेज, कांग्रेस का बड़ा ऐलान; तीन चरणों में होगा प्रदेशव्यापी प्रदर्शन
Chhattisgarh Electricity Bill Hike: छत्तीसगढ़ में बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) अध्यक्ष दीपक बैज ने बिजली बिल वृद्धि और स्मार्ट मीटर योजना को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए प्रदेशभर में आंदोलन की घोषणा की है। कांग्रेस का आरोप है कि लगातार बढ़ रही बिजली दरों ने आम जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाल दिया है।

प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में दीपक बैज ने कहा कि भाजपा सरकार ने लगातार पांचवीं बार बिजली की दरों में बढ़ोतरी कर आम लोगों की कमर तोड़ दी है। उन्होंने दावा किया कि घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 30 से 50 पैसे प्रति यूनिट और किसानों व गैर-घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 40 पैसे प्रति यूनिट तक बिजली महंगी की गई है।
ढाई साल में 31 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ीं बिजली दरें
कांग्रेस का कहना है कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में पिछले ढाई वर्षों के दौरान बिजली की दरों में करीब 31.23 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। वहीं कांग्रेस शासनकाल में बिजली दरों में बेहद मामूली वृद्धि हुई थी। पार्टी ने सरकार से तत्काल बढ़ी हुई दरें वापस लेने की मांग की है।
स्मार्ट मीटर योजना पर भी उठाए सवाल
दीपक बैज ने स्मार्ट मीटर योजना को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि एक तरफ सरकार विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के जरिए आर्थिक सहायता देने का दावा कर रही है, वहीं दूसरी ओर महंगे बिजली बिल और स्मार्ट मीटर के जरिए लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ डाला जा रहा है।
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं के बिजली बिल में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। पार्टी ने इस योजना की समीक्षा करने और इसे बंद करने की मांग उठाई है।
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तीन चरणों में होगा प्रदेशव्यापी आंदोलन
बिजली दर वृद्धि और स्मार्ट मीटर के विरोध में कांग्रेस ने तीन चरणों में आंदोलन चलाने का ऐलान किया है।
पहला चरण – 17 जून
प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों में बिजली कार्यालयों का घेराव और पुतला दहन किया जाएगा।
दूसरा चरण – 18 जून
जिला स्तर पर प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर सरकार की नीतियों और बिजली दर वृद्धि के मुद्दे को जनता तक पहुंचाया जाएगा।
तीसरा चरण – जुलाई का पहला सप्ताह
कांग्रेस कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर स्मार्ट मीटर हटाने की मांग को लेकर जनसंपर्क अभियान चलाएंगे और लोगों से आवेदन भरवाएंगे।
आम जनता पर बढ़ सकता है असर
बिजली दरों में वृद्धि और स्मार्ट मीटर को लेकर शुरू हुई यह सियासी लड़ाई आने वाले दिनों में और तेज हो सकती है। कांग्रेस इसे जनता से जुड़ा बड़ा मुद्दा बनाकर प्रदेशव्यापी आंदोलन की तैयारी में है, जबकि सरकार का पक्ष सामने आना अभी बाकी है।
