Standing and Drinking Water: क्या खड़े होकर पानी पीने से खराब हो जाते हैं घुटने? जानें साइंस क्या कहता है
Standing and Drinking Water: हमारे घरों में अक्सर बुजुर्ग यह सलाह देते हैं कि खड़े होकर पानी पीना सेहत के लिए नुकसानदायक होता है और इससे घुटनों की समस्या बढ़ सकती है। लेकिन क्या वाकई इसमें सच्चाई है? आइए जानते हैं कि इस दावे के पीछे क्या कहती है साइंस।

खड़े होकर पानी पीने पर क्या होता है असर?
साइंटिफिक स्टडीज़ के अनुसार, खड़े होकर पानी पीने से घुटनों पर सीधा असर नहीं पड़ता है।
- हड्डियों और जोड़ों की समस्याएं आमतौर पर बढ़ते वजन, कैल्शियम और विटामिन D की कमी, और जीवनशैली की आदतों से जुड़ी होती हैं।
- खड़े होकर पानी पीने पर पानी तेजी से पेट में जाता है, जिससे पाचन तंत्र पर हल्का दबाव पड़ सकता है।
- वहीं बैठकर पानी पीने से शरीर आराम की स्थिति में होता है और पानी धीरे-धीरे अवशोषित होता है, जिससे पाचन बेहतर हो सकता है।
साइंस क्या कहता है?
- किसी भी वैज्ञानिक शोध में यह साबित नहीं हुआ है कि खड़े होकर पानी पीने से घुटनों में दर्द या गठिया जैसी बीमारी होती है।
- हां, लंबे समय तक खड़े रहना, भारी वजन उठाना या बढ़ता मोटापा जरूर घुटनों की समस्याओं को जन्म देता है।
- इसलिए पानी पीने की मुद्रा का घुटनों से कोई सीधा संबंध नहीं है।
तो कैसे पिएं पानी?
- आप चाहें तो खड़े होकर भी पानी पी सकते हैं और बैठकर भी।
- सबसे जरूरी है कि पानी साफ, पर्याप्त मात्रा में और सही समय पर पिया जाए।
- बैठकर पानी पीने से शरीर को ज्यादा रिलैक्स महसूस होता है और यह पाचन के लिए बेहतर विकल्प माना जाता है।
