2 अक्टूबर 1869 को महात्मा गांधी का जन्म पोरबंदर में हुआ। आज उनका जन्मस्थान कीर्ति मंदिर के रूप में संरक्षित है।

भारत लौटने के बाद गांधी जी ने मई 1915 में अपना पहला आश्रम स्थापित किया। यहीं से सत्य, सेवा और स्वदेशी के विचारों को नई दिशा मिली।

नील की खेती से परेशान किसानों के समर्थन में गांधी जी ने पहला बड़ा सत्याग्रह किया।  यहीं से स्वतंत्रता आंदोलन को नई ताकत मिली।

साबरमती आश्रम गांधी जी की कर्मभूमि बना। यहीं से खादी, स्वावलंबन और सामाजिक सुधार के कई अभियान शुरू हुए।

1917 से 1934 तक यह गांधी जी की गतिविधियों का प्रमुख केंद्र रहा। यहीं से कई राष्ट्रीय आंदोलनों की रणनीति तैयार हुई।

6 अप्रैल 1930 को गांधी जी ने समुद्र से नमक बनाकर ब्रिटिश नमक कानून को चुनौती दी। यह आंदोलन आजादी की लड़ाई का ऐतिहासिक मोड़ बना।

गांधी जी ने अपने जीवन के अंतिम 144 दिन यहीं बिताए।  30 जनवरी 1948 को यहीं राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की हत्या कर दी गई।