Featuredबिजनेस

Forbes Asia 2025: 18 भारतीय कंपनियों ने बनाई जगह, ₹8,779 करोड़ वैल्यू वाले स्टार्टअप तक शामिल

Forbes Asia 2025: भारत एक बार फिर एशिया में स्टार्टअप पावरहाउस के रूप में चमका है। फोर्ब्स एशिया ने अपनी प्रतिष्ठित “100 स्टार्टअप्स टू वॉच” लिस्ट 2025 जारी की है, जिसमें 16 देशों के 100 उभरते स्टार्टअप्स को शामिल किया गया है। सबसे खास बात — इनमें 18 भारतीय स्टार्टअप्स शामिल हैं, जो देश के इनोवेशन इकोसिस्टम की मजबूती को दर्शाते हैं।

भारत की कई कंपनियों की वैल्यू ₹8,779 करोड़ तक पहुंच चुकी है। यानी भारत के युवा अब वैश्विक मंच पर सफलता की नई परिभाषा गढ़ रहे हैं।


भारत के स्टार्टअप्स ने दिखाई नई दिशा

फोर्ब्स की रिपोर्ट में बताया गया कि भारत का यह प्रदर्शन उसके तेजी से विकसित होते स्टार्टअप इकोसिस्टम की गवाही है। सिर्फ दो दशकों में भारत अब अमेरिका और चीन जैसे टेक दिग्गजों के साथ प्रतिस्पर्धा कर रहा है। भारतीय स्टार्टअप्स स्थानीय समस्याओं को हल करने के साथ ऐसे बिजनेस मॉडल बना रहे हैं जिन्हें आसानी से वैश्विक स्तर पर स्केल किया जा सकता है — कम निवेश में बड़े बाजारों तक पहुंच संभव बनाकर।


इन सेक्टरों में छाया भारत का दबदबा

इस साल की लिस्ट में शामिल भारतीय स्टार्टअप्स ने 10 में से 8 प्रमुख सेक्टरों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है:

  • हेल्थकेयर (Healthcare)
  • फाइनेंस (Finance)
  • ई-कॉमर्स और रिटेल (E-commerce & Retail)
  • स्पेस टेक्नोलॉजी (Space Tech)
  • कंज्यूमर प्रोडक्ट्स (Consumer Products)
  • रूरल कॉमर्स (Rural Commerce)

इन कंपनियों का फोकस सिर्फ प्रॉफिट नहीं बल्कि सस्टेनेबल ग्रोथ और सोशल वैल्यू पर भी है।


भारतीय स्वाद और तकनीक का वैश्विक विस्तार

कंज्यूमर ब्रांड्स जैसे Foxtale, WickedGud, और Sweet Karam Coffee भारतीय परंपरा और स्वाद को अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्थापित कर रही हैं। वहीं, रूरल इनोवेशन पर फोकस करने वाले स्टार्टअप्स छोटे कस्बों और गांवों में डिजिटल एक्सेस बढ़ा रहे हैं।


हेल्थकेयर सेक्टर में नई उम्मीद

Cloudphysician और Tricog जैसे हेल्थटेक स्टार्टअप्स देश के सुदूर इलाकों में डिजिटल हेल्थ सर्विसेज पहुंचा रहे हैं। ये कंपनियां AI और क्लाउड टेक्नोलॉजी की मदद से मरीजों को रियल-टाइम मॉनिटरिंग, टेलीमेडिसिन और डिजिटल डायग्नोसिस जैसी सेवाएं दे रही हैं।


भारत बना एशिया का स्टार्टअप हब

यह रिपोर्ट साबित करती है कि भारत अब केवल IT सर्विसेज का नहीं बल्कि टेक्नोलॉजी लीडरशिप और इनोवेशन का केंद्र बन चुका है। AI, डीप टेक, हेल्थटेक और रूरल कॉमर्स जैसे क्षेत्रों में भारतीय स्टार्टअप्स तेजी से बढ़ रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले कुछ वर्षों में भारत एशिया का सबसे बड़ा स्टार्टअप हब बन सकता है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *