Canara Robeco IPO: क्या बनेगा ये आपके पोर्टफोलियो का ‘छुपा खजाना’? जानिए पूरी डिटेल
Canara Robeco IPO: भारतीय प्राइमरी मार्केट एक बार फिर नए ऑफर से सरगर्म है। Canara Robeco Asset Management Company (AMC) — देश की सबसे पुरानी और भरोसेमंद एसेट मैनेजमेंट कंपनियों में से एक — अपना ₹1,326 करोड़ का IPO लेकर आ रही है। इस इश्यू ने निवेशकों का ध्यान अपनी ब्रांड स्ट्रेंथ, मजबूत प्रमोटर बेस और बाजार में स्थिर प्रदर्शन के कारण आकर्षित किया है।

IPO की मुख्य जानकारी (Canara Robeco IPO Details)
IPO साइज: ₹1,326 करोड़
प्राइस बैंड: ₹253 – ₹266 प्रति शेयर
ऑफर टाइप: 100% Offer For Sale (OFS)
कुल शेयर: 4.98 करोड़ इक्विटी शेयर
निवेश अवधि: 9 अक्टूबर से 13 अक्टूबर
लिस्टिंग तिथि: 16 अक्टूबर (BSE और NSE दोनों पर)
एंकर बुक ओपनिंग: 8 अक्टूबर
शेयर अलॉटमेंट: 14 अक्टूबर
रीफंड/डीमैट ट्रांसफर: 15 अक्टूबर
लॉट साइज: 56 शेयर
न्यूनतम निवेश राशि: ₹14,896
रिटेल रिजर्वेशन: 35%
प्रमोटर शेयरहोल्डिंग और स्ट्रक्चर
Canara Bank अपनी 13% हिस्सेदारी घटाएगा और 2.59 करोड़ शेयर बेचेगा।
Orix Corporation Europe करीब 2.39 करोड़ शेयर ऑफलोड करेगी।
यह इश्यू पूरी तरह OFS है, यानी कंपनी को कोई नया फंड नहीं मिलेगा — यह मौजूदा प्रमोटरों के शेयर बेचने का अवसर है।
कंपनी की प्रोफाइल और बाजार में स्थिति
Canara Robeco AMC भारत की दूसरी सबसे पुरानी एसेट मैनेजमेंट कंपनी है। यह Canara Bank और जापान की Orix Corporation Europe का संयुक्त उपक्रम है। कंपनी के पास ₹1 ट्रिलियन से अधिक की AUM (Assets Under Management) है और इसके देशभर में 23 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में 23 शाखाएं हैं। कंपनी के पास मजबूत रिटेल इंवेस्टर बेस, डिजिटल वितरण नेटवर्क और ब्रांड प्रतिष्ठा है।
क्यों चर्चा में है यह IPO?
Canara Robeco के IPO को लेकर मार्केट में काफी उत्साह है क्योंकि:
कंपनी का बिजनेस मॉडल स्थिर और पारदर्शी है।
Canara Bank और Orix Japan जैसे मजबूत प्रमोटरों का बैकअप है।
AMC सेक्टर में निवेश की दीर्घकालिक ग्रोथ पोटेंशियल मौजूद है।
हालांकि, OFS होने के कारण कंपनी को नया कैश नहीं मिलेगा, जिससे शॉर्ट-टर्म लिक्विडिटी पर असर सीमित रहेगा।
ब्रोकरेज फर्मों का कहना है कि यह IPO लंबी अवधि के निवेशकों के लिए एक स्थिर और भरोसेमंद विकल्प साबित हो सकता है।
निवेशकों के लिए क्या है रणनीति?
विश्लेषकों के अनुसार, यदि लिस्टिंग के बाद स्टॉक मजबूत मांग दिखाता है तो यह AMC सेक्टर में एक लॉन्ग-टर्म वेल्थ क्रिएटर बन सकता है। ब्रांड भरोसे और बाजार में व्यापक नेटवर्क के चलते इसे “पोर्टफोलियो का छुपा खजाना” कहा जा रहा है।
