Mumbai Indians: IPL 2027 से पहले मुंबई इंडियंस में बड़े बदलाव, लसिथ मलिंगा समेत 3 कोचिंग स्टाफ की हुई छुट्टी
Mumbai Indians: IPL 2027 से पहले पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस ने अपने कोचिंग सेटअप में बड़े बदलाव किए हैं। टीम ने गेंदबाजी कोच लसिथ मलिंगा और पारस म्हाम्ब्रे के साथ फील्डिंग कोच कार्ल हॉपकिंसन से भी अलग होने का ऐलान किया है। यह फैसला फ्रेंचाइजी में हुए नेतृत्व परिवर्तन के बाद सामने आया है। इससे पहले मुंबई इंडियंस ने कायरन पोलार्ड को टीम का नया हेड कोच नियुक्त किया था।

मुंबई इंडियंस अब नए कोचिंग सेटअप के साथ IPL 2027 की तैयारी करेगी। पिछले सीजन में टीम का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा था और वह प्लेऑफ में जगह नहीं बना सकी थी। ऐसे में नए कोचिंग स्टाफ के जरिए टीम की रणनीति और प्रदर्शन को बेहतर बनाने की कोशिश की जाएगी।
लसिथ मलिंगा, पारस म्हाम्ब्रे और कार्ल हॉपकिंसन हुए अलग
मुंबई इंडियंस ने 29 अक्टूबर को घोषणा की कि लसिथ मलिंगा, पारस म्हाम्ब्रे और कार्ल हॉपकिंसन पुरुष टीम के कोचिंग सेटअप में अपनी भूमिकाएं छोड़ रहे हैं। फ्रेंचाइजी ने तीनों के योगदान और सेवाओं के लिए आभार जताते हुए उनके भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। हालांकि, उनके जाने के पीछे किसी खास कारण की आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।
इन तीनों के जाने के बाद टीम के गेंदबाजी और फील्डिंग विभाग में नए कोचों की नियुक्ति पर नजर रहेगी। फिलहाल इन पदों पर संभावित नामों को लेकर आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
लसिथ मलिंगा का मुंबई इंडियंस से रहा है लंबा जुड़ाव
श्रीलंका के पूर्व तेज गेंदबाज लसिथ मलिंगा मुंबई इंडियंस के सबसे चर्चित खिलाड़ियों में शामिल रहे हैं। उन्होंने 2009 से 2019 तक खिलाड़ी के रूप में टीम का प्रतिनिधित्व किया और इस दौरान फ्रेंचाइजी की चार IPL खिताबी जीत में अहम भूमिका निभाई। वह 2011 में चैंपियंस लीग टी20 जीतने वाली मुंबई इंडियंस टीम का भी हिस्सा थे।
मलिंगा ने IPL में मुंबई इंडियंस के लिए 122 मैचों में 170 विकेट लिए। उनकी यॉर्कर और डेथ ओवरों में गेंदबाजी करने की क्षमता टीम की बड़ी ताकत रही। खिलाड़ी के तौर पर संन्यास लेने के बाद भी वह मेंटर और कोच की भूमिका में फ्रेंचाइजी से जुड़े रहे। ऐसे में उनका जाना टीम के कोचिंग ढांचे में एक महत्वपूर्ण बदलाव माना जा रहा है।
पारस म्हाम्ब्रे और कार्ल हॉपकिंसन की भी हुई विदाई
पारस म्हाम्ब्रे का मुंबई इंडियंस के साथ पुराना संबंध रहा है। वह 2010 से 2017 तक फ्रेंचाइजी के कोचिंग सेटअप का हिस्सा रहे और 2024 में फिर टीम से जुड़े। गेंदबाजी से जुड़े उनके अनुभव ने टीम के खिलाड़ियों के विकास में योगदान दिया।
वहीं, कार्ल हॉपकिंसन IPL 2025 से पहले मुंबई इंडियंस के फील्डिंग कोच बने थे। इससे पहले वह इंग्लैंड की पुरुष क्रिकेट टीम के साथ भी काम कर चुके थे। उनकी जिम्मेदारी खिलाड़ियों की फील्डिंग, कैचिंग और मैदान पर चुस्ती को बेहतर बनाने की थी।
अब इन दोनों के अलग होने के बाद मुंबई इंडियंस को नए सीजन के लिए अपने कोचिंग विभाग की जिम्मेदारियों को फिर से तय करना होगा।
कायरन पोलार्ड के सामने मुंबई इंडियंस को मजबूत बनाने की चुनौती
मुंबई इंडियंस ने 24 अक्टूबर 2026 को कायरन पोलार्ड को नया हेड कोच नियुक्त करने की घोषणा की थी। इससे पहले पोलार्ड टीम के लिए खिलाड़ी और फिर कोचिंग स्टाफ के सदस्य के रूप में काम कर चुके हैं। फ्रेंचाइजी के साथ उनका लंबा जुड़ाव टीम की कार्यशैली और खिलाड़ियों के माहौल को समझने में मददगार हो सकता है।
पोलार्ड के सामने अब टीम को नए सिरे से तैयार करने की चुनौती होगी। इसके लिए खिलाड़ियों के प्रदर्शन, टीम संयोजन और रणनीति पर काम करना जरूरी होगा। कोचिंग स्टाफ में हुए ताजा बदलाव इस प्रक्रिया का अहम हिस्सा हैं।
IPL 2027 मिनी ऑक्शन से पहले टीम की तैयारी पर नजर
IPL 2027 से पहले मुंबई इंडियंस के लिए कोचिंग स्टाफ को अंतिम रूप देना और टीम की जरूरतों के मुताबिक रणनीति तैयार करना महत्वपूर्ण होगा। मिनी ऑक्शन से पहले फ्रेंचाइजी किन खिलाड़ियों को टीम में शामिल करती है और गेंदबाजी तथा फील्डिंग विभाग में किन नए चेहरों को जिम्मेदारी मिलती है, इस पर क्रिकेट प्रशंसकों की नजर रहेगी।
फिलहाल इतना स्पष्ट है कि मुंबई इंडियंस नए हेड कोच कायरन पोलार्ड के नेतृत्व में अगले सीजन की तैयारी करेगी, जबकि लसिथ मलिंगा, पारस म्हाम्ब्रे और कार्ल हॉपकिंसन अब टीम के पुरुष कोचिंग सेटअप का हिस्सा नहीं होंगे।
